Saturday, Jun 20, 2026 | Last Update : 02:13 PM IST
सरकार ने चीनी मिल मालिकों को चीनी के रच या शीरा से एथनॉल बनाने की अनुमती देने का फैसला किया है। खाद्य मंत्रालय ने 1986 में गंना नियंत्रण आदेश में संसोधन कर के इसे अधिसूचित कर दिया है।
सरकार द्वारा दिए गए इस फैसले के बाद चीनी के रच या शीरे से एथनॉल बनाने में मदद मिलेगी। अब तक मिलों को गन्ने के रस से चीनी निकालने के बाद बची खाण से ही एथनॉल बनाने की अनुमती थी।
-सरकार ने जारी अधिसूचना में कहा, जब एक चीनी मिल सीधे गन्ने के रस या बी-शीरे से एथेनॉल उत्पादित करती है, तो ऐसे कारखानों के मामले में वसूली दर (रिकवरी रेट) को हर 600 लीटर के मामले में एक टन चीनी के उत्पादन के बराबर माना जाएगा। अभी तक चीनी मिलों को निम्म श्रेणी के शीरे (सी-मोलासेस) से एथेनॉल बनाने की अनुमति थी।
पिछले महीने सरकार ने पहली बार बी श्रेणी के शीरे से उत्पादित एथेनॉल का भी मूल्य तय किया और दिसंबर 2018 से शुरू हो रहे नए सत्र के लिए इसका दाम 47.49 रुपए प्रति लीटर रखा है।
...
Leave a Comment
Recent Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!