गुर्जर आंदोलन के कारण आज भी कई ट्रेनें रद्द, कई के रुट किए गए डायवर्ट

Aazad Staff

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राजस्थान में गुर्जर आंदोलन को लेकर विरोध प्रदर्शन बढ़ता जा रहा है इसके मद्दे नजर पश्चिमी रेलवे और पश्चिम मध्य रेलवे के अनुसार, सोमवार से अगले कुछ दिनों तक गुर्जर आंदोलन के कारण कई ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है तो वहीं कुछ के रुट डायवर्ट किए गए है। पिछले तीन दिनों में २५० से भी ज्यादा ट्रेनें प्रभावित हो चुकी है।

राजस्थान में पिछले कुछ दिनों से ५ प्रतिशत आरक्षण को लेकर गुर्जर नेताओं का आंदोलन सोमवार को भी जारी है।  आदोलन को देखते हुए कई ट्रेनें के रुट डाइवर्ट किए गए है तो वहीं कई ट्रेन रद्द कर दी गई है।दिल्ली-मुंबई रेल ट्रैक पर गुर्जरों के आंदोलन के कारण रविवार को करीब २० ट्रेनें रद्द करनी पड़ीं, जबकि ७ को डायवर्ट किया गया।  गुर्जर आंदोलन के कारण बांद्रा टर्मिनस और सवाईमाधोपुर के बीच स्पेशल ट्रेन भी चलाई गई हैं।

रविवार को धौलपुर में कुछ असामाजिक तत्वों ने पुलिस के तीन वाहनों को आग के हवाले कर दिया था और हवा में गोलियां चलाई थीं। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर गुर्जर बहुल धौलपुर व करौली जिले में धारा १४४ लगा दी है। इस बीच सरकार व आंदोलनकारियों के बीच कोई नया संवाद नहीं हुआ है हालांकि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि गुर्जर नेताओं को आगे आकर बातचीत शुरू करनी चाहिए। वहीं गुर्जर नेता इसके लिए तैयार नहीं दिख रहे हैं।

उल्लेखनीय है कि गुर्जर नेता पांच प्रतिशत आरक्षण की मांग को लेकर शुक्रवार की शाम को सवाईमाधोपुर के मलारना डूंगर में रेल पटरी पर बैठ है। गुर्जर समाज सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्‍थानों में प्रवेश के लिए गुर्जर, रायका रेबारी, गडिया, लुहार, बंजारा और गड़रिया समाज के लोगों को पांच प्रतिशत आरक्षण की मांग कर रहा है. वर्तमान में अन्‍य पिछड़ा वर्ग के आरक्षण के अतिरिक्‍त ५० प्रतिशत की कानूनी सीमा में गुर्जरों को अति पिछड़ा श्रेणी के तहत एक प्रतिशत आरक्षण अलग से मिल रहा है।

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